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कैबिनेट के फैसले के बाद बुलंदशहर–खुर्जा विकास प्राधिकरण क्षेत्र में 14 गांव शामिल, गौतम बुद्ध नगर का भी एक गांव का ना भी सूची में शामिल

Panchayat 24 (बुलंदशहर) : उत्तर प्रदेश सरकार ने क्षेत्रीय विकास को गति देने के उद्देश्य से एक अहम फैसला लिया है। 23 मार्च को हुई मंत्रिमंडल बैठक में 14 गांवों को बुलंदशहर–खुर्जा विकास प्राधिकरण के विकास क्षेत्र में शामिल करने की मंजूरी दी गई। इस सूची में गौतम बुद्ध नगर का भी एक गांव शामिल है।

बुलंदशहर खुर्जा विकास प्राधिकरण की उपाध्यक्ष अंकुर लाठर अनुसार किशनपुर, ताजपुर, शाहबाजपुर, सलेमपुर कायरथ, कोंडूपुर, खैरपुर, बड़ौदा, फरीदपुर हवेली, मटौला, नवादा, चीती, नगला शेखू और सोंडा फरीदपुर अब प्राधिकरण के दायरे में आएंगे। उन्होंने बताया कि गौतम बुद्ध नगर का गांव बील अकबरपुर (आंशिक) रूप से अब प्राधिकरण का हिस्सा होगा। उनके अनुसार बील अकबरपुर गांव का आंशिक हिस्सा प्राधिकरण में शामिल था। बाद में यह हिस्सा प्राधिकरण से बाहर हो गया था। अब इसको पुनः बुलंदशहर खुर्जा विकास प्राधिकरण में कैबिनेट के निर्णय के बाद शामिल किया गया है।बता दें कि बील अकबरपुर गांव कि जमीन का बड़ा हिस्सा बुलंदशहर खुर्जा विकास प्राधिकरण की एक टाउनशिप परियोजना का हिस्सा है।

उपाध्यक्ष के अनुसार सरकार के इस कदम से इन क्षेत्रों में योजनाबद्ध और नियंत्रित शहरी विकास को नई दिशा मिलेगी। इन गांवों को विकास क्षेत्र में शामिल करने से सड़क, जलापूर्ति, सीवरेज जैसी बुनियादी सुविधाओं का विस्तार अधिक सुव्यवस्थित ढंग से किया जा सकेगा। साथ ही, अवैध निर्माण पर नियंत्रण और बेहतर नगरीय नियोजन सुनिश्चित होगा।

इस निर्णय का एक बड़ा प्रभाव निवेश और औद्योगिक गतिविधियों पर भी देखने को मिल सकता है। जानकारों के अनुसार, सुव्यवस्थित विकास ढांचा तैयार होने से निजी निवेश को बढ़ावा मिलेगा, जिससे औद्योगिक और आवासीय परियोजनाओं में तेजी आएगी। इससे स्थानीय स्तर पर रोजगार के नए अवसर भी सृजित होने की संभावना है।

प्राधिकरण की ओर से संकेत दिए गए हैं कि शामिल किए गए गांवों में संतुलित, व्यवस्थित और दीर्घकालिक विकास के लिए चरणबद्ध योजना तैयार की जाएगी। इसके तहत आधारभूत ढांचे को मजबूत करने के साथ-साथ पर्यावरणीय संतुलन का भी ध्यान रखा जाएगा। कुल मिलाकर, कैबिनेट के इस निर्णय को बुलंदशहर-खुर्जा क्षेत्र को एक संगठित शहरी स्वरूप देने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम के रूप में देखा जा रहा है।

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